आंध्र प्रदेश के मुख्यमंत्री एन चंद्रबाबू नायडू ने रिन्यू एनर्जी के संस्थापक और सीईओ सुमंत सिन्हा के साथ अनाकापल्ली जिले के रंबिल्ली में 5400 करोड़ रुपये के सोलर इंगॉट और वेफर विनिर्माण संयंत्र का शिलान्यास किया। यह 6.5 गीगावाट क्षमता वाला संयंत्र भारत की स्वदेशी सौर आपूर्ति श्रृंखला को मजबूत करने की दिशा में महत्वपूर्ण कदम है। इस परियोजना से आयात पर निर्भरता कम होगी और ऊर्जा सुरक्षा सुनिश्चित होगी। मुख्यमंत्री ने सार्वजनिक सभा को संबोधित करते हुए कहा कि अनाकापल्ली जिला बड़े निवेशों के माध्यम से विकास की नई ऊंचाइयों को छू रहा है। उन्होंने बताया कि पूर्व केंद्रीय मंत्री यशवंत सिन्हा के पुत्र सुमंत सिन्हा द्वारा स्थापित यह संयंत्र 24 महीनों में चालू हो जाएगा। इससे 2100 से अधिक प्रत्यक्ष और अप्रत्यक्ष रोजगार सृजित होंगे। आंध्र प्रदेश की एकीकृत स्वच्छ ऊर्जा नीति 2024 के तहत यह परियोजना विकसित हो रही है जो राज्य को वैश्विक स्वच्छ ऊर्जा केंद्र बनाने का लक्ष्य रखती है। नायडू ने सीआईआई पार्टनरशिप समिट के दौरान रिन्यू के 82000 करोड़ रुपये के निवेश का उल्लेख किया। कंपनी अनंतपुर और कुरनूल जिलों में 10370 करोड़ रुपये के नवीकरणीय ऊर्जा कार्य शुरू करने जा रही है। अनंतपुर में 777 मेगावाट विंड और सोलर संयंत्र भी स्थापित होगा। यह निवेश आंध्र प्रदेश को निवेश आकर्षण में शीर्ष स्थान दिलाएगा। सोलर सेक्टर में ऊपरी घटकों के घरेलू उत्पादन से भारत के 2030 तक 500 गीगावाट नवीकरणीय ऊर्जा लक्ष्य को बल मिलेगा। नास्डाक सूचीबद्ध रिन्यू कंपनी का यह कदम स्वदेशी विनिर्माण को प्रोत्साहित करेगा। स्थानीय प्रतिनिधियों और उद्योग हितधारकों की उपस्थिति में आयोजित शिलान्यास समारोह में विकास योजनाओं पर जोर दिया गया। राज्य सरकार ने निवेशकों के लिए उदार नीतियां लागू की हैं। यह परियोजना विजयवाड़ा के निकट विशाखापत्तनम क्षेत्र को औद्योगिक केंद्र के रूप में स्थापित करेगी। स्वच्छ ऊर्जा क्षेत्र में रोजगार अवसरों का विस्तार होगा। केंद्र सरकार की आत्मनिर्भर भारत पहल से यह मेल खाता है। (शब्द संख्या: ३४८)
by Dainikshamtak on | 2026-04-24 15:08:34