सोशल मीडिया पर तेजी से लोकप्रिय हुई कॉकरोच जनता पार्टी के संस्थापक Abhijeet Dipke भारत लौट आए हैं। उनकी वापसी ऐसे समय में हुई है जब उनके संभावित निर्वासन को लेकर सोशल मीडिया पर विभिन्न तरह की अटकलें लगाई जा रही थीं। हालांकि भारत सरकार ने स्पष्ट किया है कि उसे अमेरिकी अधिकारियों की ओर से अभिजीत दिपके के कथित निर्वासन या वीजा दुरुपयोग से संबंधित कोई आधिकारिक सूचना प्राप्त नहीं हुई है। भारत पहुंचने के बाद दिपके ने दिल्ली में प्रस्तावित प्रदर्शन के लिए आवश्यक अनुमति प्राप्त करने की प्रक्रिया शुरू की और इसी सिलसिले में वह संसद मार्ग पुलिस थाने पहुंचे। रिपोर्ट्स के अनुसार कॉकरोच जनता पार्टी ने जंतर-मंतर पर शांतिपूर्ण प्रदर्शन आयोजित करने की योजना बनाई है, जिसका मुख्य फोकस युवाओं से जुड़े मुद्दे, रोजगार, परीक्षा प्रणाली और शिक्षा संबंधी चिंताएं हैं। हाल के सप्ताहों में यह संगठन सोशल मीडिया पर तेजी से उभरा है और लाखों युवाओं के बीच चर्चा का विषय बना हुआ है। अभिजीत दिपके ने पहले कहा था कि वह भारत लौटकर लोकतांत्रिक और संवैधानिक तरीके से अपनी बात रखना चाहते हैं। इस बीच दिल्ली पुलिस ने बताया था कि प्रदर्शन के लिए निर्धारित प्रक्रिया के तहत अनुमति लेना आवश्यक है और संबंधित आवेदन की समीक्षा की जाती है। दिपके की वापसी और प्रस्तावित प्रदर्शन को लेकर राष्ट्रीय राजधानी में सुरक्षा व्यवस्था पर भी विशेष ध्यान दिया गया है। राजनीतिक विश्लेषकों का मानना है कि यह घटनाक्रम सोशल मीडिया आधारित युवा आंदोलनों के वास्तविक राजनीतिक और सामाजिक प्रभाव की एक महत्वपूर्ण परीक्षा साबित हो सकता है। वहीं समर्थकों का कहना है कि यह पहल युवाओं की आवाज को लोकतांत्रिक मंच पर रखने का प्रयास है। फिलहाल सभी की नजरें प्रदर्शन की अनुमति, प्रशासनिक निर्णयों और आंदोलन के अगले चरण पर बनी हुई हैं।
by Dainikshamtak on | 2026-06-06 16:35:58