भारत में अमेरिका के राजदूत सर्जीओ गोर ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप की व्यक्तिगत मित्रता से जुड़ा एक दिलचस्प प्रसंग साझा किया है। वाशिंगटन में आयोजित यूएस-इंडिया स्ट्रैटेजिक पार्टनरशिप फोरम के नेतृत्व सम्मेलन में गोर ने बताया कि कुछ महीने पहले मियामी में एक कार्यक्रम के दौरान राष्ट्रपति ट्रंप ने अचानक प्रधानमंत्री मोदी को फोन करने की इच्छा जताई। गोर के अनुसार उन्होंने राष्ट्रपति ट्रंप से कहा कि उस समय भारत में सुबह के लगभग छह बजे थे। इस पर ट्रंप ने जवाब दिया कि प्रधानमंत्री मोदी जाग रहे होंगे क्योंकि “वह मेरी तरह हैं, वे सोते नहीं हैं।” बाद में यह बातचीत अगले दिन के लिए निर्धारित की गई। गोर ने कहा कि इस घटना का मुख्य संदेश समय नहीं, बल्कि दोनों नेताओं के बीच मौजूद व्यक्तिगत विश्वास और मित्रता है। उनके अनुसार राष्ट्रपति ट्रंप प्रधानमंत्री मोदी को अपना सच्चा मित्र मानते हैं और दोनों नेताओं के बीच ऐसा संबंध है जिसमें हर बातचीत को औपचारिक रूप से पहले से तय करना आवश्यक नहीं होता। गोर ने यह भी कहा कि ट्रंप आज भी भारत यात्रा की अपनी पुरानी यादों का उल्लेख करते हैं और भारत-अमेरिका संबंधों को आगे बढ़ाने के प्रति सकारात्मक दृष्टिकोण रखते हैं। उन्होंने विश्वास व्यक्त किया कि दोनों देशों के बीच व्यापार, रक्षा, प्रौद्योगिकी, कृत्रिम बुद्धिमत्ता, विमानन और अन्य रणनीतिक क्षेत्रों में सहयोग आने वाले वर्षों में और मजबूत होगा। विशेषज्ञों का मानना है कि शीर्ष नेताओं के बीच व्यक्तिगत संवाद कई बार द्विपक्षीय संबंधों को गति देने में सहायक होता है, हालांकि दोनों देशों के संबंध संस्थागत और रणनीतिक साझेदारी पर आधारित रहते हैं। हाल के वर्षों में भारत और अमेरिका के बीच व्यापार, रक्षा, सेमीकंडक्टर, उन्नत प्रौद्योगिकी और इंडो-पैसिफिक क्षेत्र में सहयोग लगातार बढ़ा है। गोर की यह टिप्पणी भी इसी व्यापक साझेदारी और दोनों नेताओं के व्यक्तिगत समीकरण को रेखांकित करती है। हालांकि यह एक व्यक्तिगत अनुभव पर आधारित बयान है और इसे किसी आधिकारिक नीति घोषणा के रूप में नहीं देखा जाना चाहिए।
by Dainikshamtak on | 2026-06-30 16:19:24