रक्षा प्रौद्योगिकी क्षेत्र की कंपनी जेन टेक्नोलॉजीज ने अपने नए स्वदेशी हाइपरस्ट्राइक लंबी दूरी के स्ट्राइक सिस्टम को विकसित करने की योजना सामने रखी है। कंपनी के अनुसार यह सिस्टम 400 किलोमीटर से अधिक दूरी तक लक्ष्य साधने में सक्षम हो सकता है, जिससे इसे लंबी दूरी की सटीक मारक क्षमता वाले आधुनिक रक्षा प्लेटफॉर्मों की श्रेणी में रखा जा रहा है। इस घोषणा को भारत की स्वदेशी रक्षा निर्माण क्षमता और अगली पीढ़ी के सैन्य समाधान विकसित करने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम माना जा रहा है। उपलब्ध जानकारी के अनुसार, कंपनी ने इस सिस्टम को ऐसे समय में पेश किया है जब देश में आत्मनिर्भर रक्षा उत्पादन और उन्नत हथियार प्रणालियों के घरेलू विकास पर विशेष जोर दिया जा रहा है। हाइपरस्ट्राइक को भविष्य के लंबी दूरी वाले आक्रामक और प्रतिरोधक रणनीतिक साधन के रूप में देखा जा रहा है, जो रक्षा बलों की परिचालन क्षमता को मजबूत कर सकता है। कंपनी ने पहले भी एंटी-ड्रोन सिस्टम, साइबर सुरक्षा समाधान, स्मार्ट म्यूनिशन, अनमैन्ड ग्राउंड व्हीकल और लेजर आधारित ऊर्जा हथियार जैसी कई तकनीकों पर काम किया है। ऐसे में हाइपरस्ट्राइक का विकास उसके व्यापक रक्षा पोर्टफोलियो का हिस्सा माना जा रहा है। रक्षा विशेषज्ञों का मानना है कि यदि यह प्रणाली विकसित होकर संचालन में आती है, तो यह भारत की लंबी दूरी की मारक क्षमता में बड़ा बदलाव ला सकती है। इसके साथ ही यह प्रोजेक्ट घरेलू उद्योग, अनुसंधान और रक्षा नवाचार के बीच तालमेल को भी बढ़ावा देगा। इस तरह की परियोजनाएं न केवल तकनीकी आत्मनिर्भरता को आगे बढ़ाती हैं, बल्कि वैश्विक रक्षा बाजार में भारतीय कंपनियों की स्थिति भी मजबूत करती हैं। हाइपरस्ट्राइक से जुड़ी आगे की तकनीकी और परीक्षण प्रगति अब रक्षा क्षेत्र की निगाहों में बनी रहेगी।
by Dainikshamtak on | 2026-06-02 08:19:22