NTPC ने 14 राज्यों में 30 गीगावॉट परमाणु ऊर्जा क्षमता विस्तार की योजना बनाई

NTPC ने 14 राज्यों में 30 गीगावॉट परमाणु ऊर्जा क्षमता विस्तार की योजना बनाई

NTPC Limited देशभर में परमाणु ऊर्जा क्षेत्र में बड़े विस्तार की योजना पर काम कर रही है। रिपोर्टों के अनुसार, कंपनी 14 राज्यों में कुल 30 गीगावॉट परमाणु ऊर्जा क्षमता स्थापित करने की संभावनाओं का अध्ययन कर रही है। इस पहल को भारत की दीर्घकालिक ऊर्जा सुरक्षा, स्वच्छ ऊर्जा संक्रमण और बढ़ती बिजली मांग को पूरा करने की रणनीति का महत्वपूर्ण हिस्सा माना जा रहा है।

विशेषज्ञों के अनुसार, भारत में बिजली की मांग लगातार बढ़ रही है और आने वाले वर्षों में औद्योगिक विकास, शहरीकरण, इलेक्ट्रिक मोबिलिटी तथा डिजिटल इंफ्रास्ट्रक्चर विस्तार के कारण ऊर्जा आवश्यकता और तेज हो सकती है। ऐसे में परमाणु ऊर्जा को स्थिर और कम-कार्बन बिजली स्रोत के रूप में देखा जा रहा है।

रिपोर्टों के मुताबिक, प्रस्तावित परियोजनाओं के लिए विभिन्न राज्यों में संभावित स्थलों और साझेदारी मॉडल का मूल्यांकन किया जा रहा है। हालांकि सभी परियोजनाओं को लेकर अंतिम निवेश निर्णय और सरकारी मंजूरियां अभी प्रक्रिया में हैं। परमाणु ऊर्जा परियोजनाएं आमतौर पर लंबी योजना अवधि, उच्च पूंजी निवेश और व्यापक सुरक्षा मानकों के कारण जटिल मानी जाती हैं।

भारत लंबे समय से अपने ऊर्जा मिश्रण में परमाणु ऊर्जा की हिस्सेदारी बढ़ाने का लक्ष्य रखता रहा है। वर्तमान में देश की कुल बिजली उत्पादन क्षमता में परमाणु ऊर्जा का योगदान सीमित है, लेकिन सरकार और सार्वजनिक क्षेत्र की कंपनियां भविष्य में इसे बढ़ाने पर जोर दे रही हैं। विश्लेषकों का कहना है कि कोयला आधारित बिजली उत्पादन पर निर्भरता कम करने और नेट-ज़ीरो लक्ष्यों की दिशा में आगे बढ़ने के लिए परमाणु ऊर्जा को महत्वपूर्ण विकल्प माना जा रहा है।

ऊर्जा विशेषज्ञों के अनुसार, परमाणु ऊर्जा संयंत्र लगातार और बड़े पैमाने पर बिजली उत्पादन करने में सक्षम होते हैं, जिससे ग्रिड स्थिरता बनाए रखने में मदद मिलती है। सौर और पवन ऊर्जा जैसी नवीकरणीय परियोजनाओं के साथ परमाणु ऊर्जा को बेसलोड पावर स्रोत के रूप में भी देखा जाता है।

हालांकि इस क्षेत्र के सामने कई चुनौतियां भी मौजूद हैं। परमाणु परियोजनाओं में लागत, भूमि अधिग्रहण, पर्यावरणीय मंजूरियां, तकनीकी साझेदारी और सुरक्षा मानकों का पालन महत्वपूर्ण मुद्दे होते हैं। इसके अलावा परियोजनाओं के निर्माण में कई वर्षों का समय लग सकता है।

विश्लेषकों का मानना है कि यदि NTPC Limited की प्रस्तावित क्षमता विस्तार योजना आगे बढ़ती है, तो यह भारत के ऊर्जा क्षेत्र में सबसे बड़े परमाणु विस्तार कार्यक्रमों में शामिल हो सकती है। इससे घरेलू बिजली उत्पादन क्षमता बढ़ाने के साथ-साथ स्वच्छ ऊर्जा लक्ष्यों को भी समर्थन मिल सकता है।

फिलहाल कंपनी और संबंधित सरकारी एजेंसियों की ओर से परियोजना से जुड़ी विस्तृत समयसीमा और निवेश ढांचे पर आगे की घोषणाओं का इंतजार किया जा रहा है।

by Dainikshamtak on | 2026-05-11 16:15:14

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