गुजरात के निकाय चुनावों में भाजपा ने ऐतिहासिक जीत दर्ज की। पार्टी ने सभी 15 नगर निगमों पर कब्जा जमाया और कुल 9900 से अधिक सीटों में से 6472 सीटें जीत लीं। यह राज्य के इतिहास की सबसे बड़ी जीत है। अहमदाबाद, सूरत, वडोदरा जैसे प्रमुख शहरों में भाजपा ने 50% से अधिक वोट शेयर हासिल किया। कांग्रेस को 1412 सीटें मिलीं जबकि AAP और अन्य दलों को 597। 730+ सीटें बिना चुनाव के जीती गईं। डिप्टी सीएम हर्ष संघवी ने इसे कार्यकर्ताओं की मेहनत का परिणाम बताया। पीएम नरेंद्र मोदी ने कहा कि गुजरात और भाजपा का बंधन मजबूत हुआ। राज्य सरकार के सुशासन को जनता ने समर्थन दिया। यह जीत आगामी चुनावों के लिए मजबूत संदेश है। 2021 में भाजपा ने 6 निगम जीते थे, अब 15 में से सभी। AIMIM और समाजवादी पार्टी ने पहली बार गुजरात में खाता खोला। ग्रामीण क्षेत्रों में भी भाजपा का वर्चस्व रहा। जिला पंचायतों और तालुका पंचायतों में भी बढ़त। कांग्रेस और AAP का प्रदर्शन निराशाजनक रहा। भाजपा ने शहरी-ग्रामीण दोनों क्षेत्रों में प्रभुत्व कायम किया। उपचुनावों में भी मजबूत प्रदर्शन। यह परिणाम विकास कार्यों का प्रमाण है। गुजरात भाजपा का गढ़ बना रहा। राज्य चुनाव आयोग ने परिणाम घोषित किए। भाजपा मुख्यालय पर विजय जुलूस निकले। भविष्य में इंफ्रास्ट्रक्चर और कल्याण योजनाओं पर जोर। यह जीत राष्ट्रीय स्तर पर भी महत्वपूर्ण। विपक्ष को झटका लगा। भाजपा का संगठन मजबूत साबित हुआ।
by Dainikshamtak on | 2026-04-29 17:59:19