उत्तराखंड सरकार का बड़ा फैसला, साप्ताहिक ‘नो व्हीकल डे’, वर्क फ्रॉम होम और EV खरीद अनिवार्य

उत्तराखंड सरकार का बड़ा फैसला, साप्ताहिक ‘नो व्हीकल डे’, वर्क फ्रॉम होम और EV खरीद अनिवार्य

उत्तराखंड सरकार ने ईंधन बचत, पर्यावरण संरक्षण और सतत परिवहन को बढ़ावा देने के उद्देश्य से कई बड़े कदमों की घोषणा की है। रिपोर्ट्स के अनुसार राज्य सरकार ने साप्ताहिक ‘No Vehicle Day’ लागू करने, वर्क-फ्रॉम-होम व्यवस्था को प्रोत्साहित करने और सरकारी स्तर पर इलेक्ट्रिक वाहनों यानी EV की खरीद को अनिवार्य बनाने का फैसला किया है। अधिकारियों का कहना है कि यह निर्णय बढ़ती ईंधन लागत, प्रदूषण नियंत्रण और हरित ऊर्जा आधारित परिवहन को बढ़ावा देने की व्यापक रणनीति का हिस्सा है। राज्य सरकार के अनुसार ‘नो व्हीकल डे’ के तहत सप्ताह में एक दिन सरकारी कर्मचारियों और संबंधित विभागों को निजी एवं पारंपरिक वाहनों के उपयोग से बचने के लिए प्रेरित किया जाएगा। साथ ही जहां संभव होगा वहां वर्क-फ्रॉम-होम व्यवस्था को भी बढ़ावा दिया जाएगा ताकि ईंधन की खपत और यातायात दबाव कम किया जा सके। विशेषज्ञों का कहना है कि पहाड़ी राज्यों में पर्यावरणीय संतुलन बनाए रखना विशेष रूप से महत्वपूर्ण होता है और ऐसे कदम प्रदूषण तथा कार्बन उत्सर्जन कम करने में मदद कर सकते हैं। रिपोर्ट्स के मुताबिक सरकार ने विभिन्न विभागों को भविष्य में वाहन खरीद के दौरान इलेक्ट्रिक वाहनों को प्राथमिकता देने के निर्देश भी दिए हैं। हाल के वर्षों में केंद्र और राज्य सरकारें इलेक्ट्रिक मोबिलिटी, ऊर्जा संरक्षण और हरित परिवहन को बढ़ावा देने के लिए कई नीतियां लागू कर रही हैं। विशेषज्ञों का मानना है कि यदि सरकारी स्तर पर EV उपयोग बढ़ता है तो इससे निजी क्षेत्र और आम नागरिकों में भी इलेक्ट्रिक वाहनों के प्रति विश्वास बढ़ सकता है। आर्थिक और पर्यावरण विशेषज्ञों के अनुसार इस प्रकार की नीतियां लंबे समय में ईंधन आयात पर निर्भरता कम करने और पर्यावरणीय लक्ष्यों को हासिल करने में सहायक हो सकती हैं। उत्तराखंड सरकार का यह फैसला प्रशासनिक सादगी, ऊर्जा बचत और पर्यावरण संरक्षण की दिशा में महत्वपूर्ण पहल माना जा रहा है। आने वाले समय में अन्य राज्य भी इसी तरह के कदमों पर विचार कर सकते हैं।

by Dainikshamtak on | 2026-05-14 18:11:41

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